
महेंद्र सिंह राय मस्तूरी। मुख्यालय के सैकड़ो ग्रामीण दोपहर 2:00 बजे कड़ी धूप में 2 किलोमीटर तक पैदल चलते हुए एसडीएम कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा है, उन्होंने अपनी समस्या लिखित में एसडीएम के नाम ज्ञापन सौंपते हुए नया तहसीलदार उमाशंकर लहरें को अपनी राशन संबंधी समस्या बताई, मां फरवरी और मार्च का दो माह से कई सैकड़ो परिवारों को चावल शक्कर नहीं दिया गया है साथ ही राशन कार्ड धारी से बराबर दो माह का थम्स अंगूठा लगवा लिया गया है उसके बावजूद उन्हें चावल वितरण नहीं करने से आक्रोशित ग्रामीणों ने आज पैदल मार्च निकालते हुए मस्तूरी एसडीएम कार्यालय पहुंचे हुए थे और अपने हक की चावल उन्से दिलाने की मांग रखी।
ज्ञापन सौंपने आए ग्रामीण रवि करियारे, छोटे लाल रात्रे, धर्मेन्द्र करीयारे,मनोज सिंह,ने जानकारी देते हुए बताया की वे लोग रोजी मजदूरी करने वाले लोग हैं, और उन्ही के पैसों से 2 माह से चावल नहीं मिलने के कारण दुकान से चावल खरीदकर खा रहे हैं,राशन दुकान के संचालक मनीराम कुर्रे द्वारा फरवरी और मार्च माह का चावल ग्राम पंचायत के आधे से ज्यादा लोगों को नहीं दिया गया है, साथ ही जिनको चावल दिया गया है उनका मात्र से काम दिया गया है उन्होंने राशन संचालक के ऊपर नाप तौल में गड़बड़ी करने के साथ-साथ उनके हिस्से का राशन को गायब करने का आरोप लगाया है।
19मार्च को खाद्य सामग्री की हेराफेरी करने के मामले में मस्तूरी पुलिस ने मस्तूरी सेवा सहकारी समिति के प्रबंधक और विक्रेता को गिरफ्तार कर लिया था। दोनों आरोपियों ने बड़े पैमाने पर चावल, शक्कर और नमक की हेराफेरी की थी। जांच के बाद उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की गई।
मस्तूरी सेवा सहकारी समिति आईडी 402002001 के प्रबंधक मनोज रात्रे और विक्रेता मनीराम कुर्रे को राशन वितरण हेतु 1 अप्रैल 2024 को 303 क्विंटल चावल, 853 क्विंटल शक्कर और 646 बोरी नमक प्राप्त हुआ था। जांच में पाया गया कि इन सामग्रियों की हेराफेरी कर गड़बड़ी की गई। खाद्य निरीक्षक ललिता शर्मा और उनकी टीम ने 28 अगस्त 2024 को जांच कर रिपोर्ट कलेक्टर खाद्य शाखा, बिलासपुर को भेजी थी। जांच में 272.50 क्विंटल चावल कम, 377 क्विंटल शक्कर अधिक और 8.04 क्विंटल रिफाइंड नमक अधिक पाया गया।