विश्व महिला दिवस पर जल संरक्षण का संकल्प, 8 मार्च को चलेगा विशेष जल संचय अभियान

अभियान के तहत गांव गांव में जल संचय जन भागीदारी से किए जा रहा सोक पिट का निर्माण
जांजगीर-चांपा, 07 मार्च 2026। कलेक्टर श्री जन्मेजय महोबे के निर्देशन एवं जिला पंचायत सीईओ श्री गोकुल रावटे के मार्गदर्शन में जिले में “मोर गांव – मोर पानी” अभियान मार्च से जल संरक्षण को जन-आंदोलन बनाने की दिशा में विशेष पहल की जा रही है। इसी कड़ी में विश्व महिला दिवस के अवसर पर 8 मार्च को जिलेभर में विशेष जल संचय अभियान चलाया गया, जिसमें महिलाओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करते हुए जल संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया गया। अभियान के तहत गांव गांव में जल संचय जन भागीदारी से किए जा रहा सोक पिट का निर्माण किया जा रहा है।
अभियान के अंतर्गत ग्राम पंचायतों, आंगनबाड़ी केंद्रों, स्कूलों, पंचायत भवनों एवं सार्वजनिक स्थलों पर रिचार्ज पिट, सोखता गड्ढा तथा रेन वाटर हार्वेस्टिंग संरचनाओं के निर्माण के लिए ग्रामीणों को प्रेरित किया गया। साथ ही ग्रामीणों को बताया गया कि वर्षा जल का संचयन कर भू-जल स्तर को बढ़ाया जा सकता है और भविष्य में जल संकट से बचा जा सकता है।
कलेक्टर ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि जनभागीदारी से ही जल संरक्षण संभव है और “मोर गांव – मोर पानी” के संकल्प को साकार करने के लिए हर घर में रिचार्ज पिट निर्माण को बढ़ावा देना आवश्यक है। महिलाओं को विशेष रूप से जागरूक करते हुए बताया गया कि जल संकट का प्रभाव सबसे अधिक महिलाओं पर पड़ता है। इसलिए “जल शक्ति से ही नारी सशक्त होती है” संदेश के साथ महिलाओं को जल संरक्षण अभियान से जोड़ा गया और उन्हें अपने घरों में रिचार्ज पिट एवं सोखता गड्ढा बनाने के लिए प्रेरित किया गया। अभियान के तहत ग्राम पंचायतों, स्वयं सहायता समूहों तथा शैक्षणिक संस्थानों के माध्यम से रैली, कार्यशाला, दीवार लेखन एवं जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए है । इसमें ग्रामीणों और महिलाओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया तथा जल संरक्षण को जन-आंदोलन बनाने का संकल्प लिया। जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे अपने घरों और आसपास वर्षा जल संचयन की व्यवस्था कर जल संरक्षण के इस अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएं और आने वाली पीढ़ियों के लिए जल संसाधनों को सुरक्षित रखने में सहयोग करें।




